“काम ऐसा करो कि देशवासियों की ज़िंदगी आसान हो” — डॉ. प्रीति अदाणी

अदाणी यूनिवर्सिटी ने नए ग्लोबल कैंपस की घोषणा की छात्रों को भारतीय सभ्यता से जिम्मेदारी लेने का संदेश
अहमदाबाद। अदाणी यूनिवर्सिटी के दूसरे दीक्षांत समारोह में चेयरपर्सन डॉ. प्रीति अदाणी ने छात्रों को देश के विकास में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि शिक्षा का अर्थ केवल डिग्री प्राप्त करना नहीं, बल्कि ऐसा काम करना है जो लोगों की ज़िंदगी को बेहतर और सरल बनाए।
समारोह के दौरान उन्होंने अदाणी यूनिवर्सिटी के नए ग्लोबल कैंपस की स्थापना की भी घोषणा की, जो भविष्य की उच्च शिक्षा और रिसर्च को नई दिशा देगा।
भारतीय सभ्यता—करियर की नैतिक धरोहर: डॉ. अदाणी
छात्रों को संबोधित करते हुए डॉ. अदाणी ने कहा—
“आप ऐसी सभ्यता के उत्तराधिकारी हैं जिसने गहराई से सोचा, साहस से बनाया और नैतिकता से नेतृत्व किया। इस विरासत को करियर में जिम्मेदारी की तरह अपनाएं।”
उन्होंने आगे कहा कि भारत के विकास का नया चरण केवल इंफ्रास्ट्रक्चर या स्पीड पर नहीं, बल्कि इस बात पर आधारित होगा कि आम नागरिक कितनी अच्छी, सुरक्षित और सम्मानजनक ज़िंदगी जी रहा है।
क्वालकॉम इंडिया के प्रेसिडेंट का संबोधन
मुख्य अतिथि क्वालकॉम इंडिया के प्रेसिडेंट सावी एस. सोइन ने कहा कि भारत तेजी से
सेमीकंडक्टर्स, AI, मोबिलिटी और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के वैश्विक नेतृत्व की ओर बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा,
“अदाणी यूनिवर्सिटी का मल्टीडिसिप्लिनरी मॉडल छात्रों को बदलते भारत का नेतृत्व करने की क्षमता देता है।”
87 छात्रों को डिग्री, 3 को विश्वविद्यालय पदक
समारोह में कुल 87 छात्रों को उपाधियां प्रदान की गईं —
79 छात्र: एमबीए (इंफ्रास्ट्रक्चर मैनेजमेंट)
8 छात्र: एम-टेक (कंस्ट्रक्शन इंजीनियरिंग एंड मैनेजमेंट)
3 छात्र: यूनिवर्सिटी मेडल
दीक्षांत समारोह के दौरान सभागार छात्रों, उनके परिवारों और शिक्षकों से खचाखच भरा हुआ था। उत्साह, उपलब्धि और भविष्य की उम्मीदों से भरी यह शाम एक यादगार क्षण में बदल गई।
भविष्य की शिक्षा का केंद्र बन रहा अदाणी यूनिवर्सिटी
2022 में स्थापित अदाणी यूनिवर्सिटी आज
इनोवेशन, रिसर्च, इंडस्ट्री-इंटीग्रेशन और भविष्य-उन्मुख शिक्षा
का प्रमुख केंद्र बनकर उभर रही है।
समारोह का समापन ग्रुप फोटो के साथ हुआ, लेकिन उन मुस्कुराते चेहरों में भारत के अगले दशक की कल्पनाएँ और उम्मीदें साफ झलक रही थीं।




