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DEO रजनीश तिवारी का स्वामी आत्मानंद स्कूल पेंड्रा में औचक निरीक्षण, बिना अनुमति गायब मिले प्रभारी प्राचार्य; 3 दिन का वेतन काटने के निर्देश

बच्चों से पढ़ाई और मध्याह्न भोजन की ली जानकारी, शिक्षकों की लगाई क्लास; कमजोर विद्यार्थियों के लिए अतिरिक्त कक्षाएं और अंग्रेजी बोलचाल पर विशेष जोर

गौरेला-पेंड्रा-मरवाही(छत्तीसगढ़ उजाला)-जिले में शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी लगातार स्कूलों का औचक निरीक्षण कर रहे हैं। इसी क्रम में उन्होंने बुधवार को स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, पेंड्रा का आकस्मिक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान विद्यालय में अनुशासन और कार्यप्रणाली की समीक्षा की गई। इस दौरान प्रभारी प्राचार्य बिना किसी पूर्व सूचना और सक्षम अनुमति के अनुपस्थित पाए गए, जिस पर DEO ने कड़ी नाराजगी जताते हुए उनके तीन दिन का वेतन काटने तथा कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण की शुरुआत में जिला शिक्षा अधिकारी ने मध्याह्न भोजन कर रहे विद्यार्थियों से बातचीत की। उन्होंने बच्चों से भोजन की गुणवत्ता, पढ़ाई और विद्यालय में मिलने वाली सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने विभिन्न कक्षाओं का निरीक्षण कर विद्यार्थियों से सवाल पूछे और उनकी शैक्षणिक प्रगति का आकलन किया।

इसके पश्चात DEO ने विद्यालय के समस्त शिक्षकों की बैठक ली। बैठक में उन्होंने सभी शिक्षकों से पिछले शैक्षणिक सत्र के परीक्षा परिणामों की समीक्षा की। विशेष रूप से अंग्रेजी, गणित और विज्ञान विषयों के परिणामों पर चर्चा करते हुए उन्होंने शिक्षकों से विषयवार प्रदर्शन की जानकारी ली और आगामी सत्र में बेहतर परिणाम देने के लिए ठोस रणनीति बनाने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान जब प्रभारी प्राचार्य की उपस्थिति की जानकारी ली गई तो वे बिना किसी पूर्व अनुमति के विद्यालय से अनुपस्थित मिले। इसे गंभीर प्रशासनिक लापरवाही मानते हुए जिला शिक्षा अधिकारी ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उनके तीन दिन का वेतन काटने और कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शासकीय विद्यालयों में अनुशासनहीनता और लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

बैठक में DEO रजनीश तिवारी ने शिक्षकों को कई महत्वपूर्ण निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि सभी शिक्षक समय पर विद्यालय पहुंचकर नियमित रूप से गुणवत्तापूर्ण शिक्षण कार्य करें। कमजोर विद्यार्थियों के लिए अतिरिक्त कक्षाएं संचालित की जाएं ताकि उनका शैक्षणिक स्तर बेहतर हो सके। साथ ही विद्यार्थियों में अंग्रेजी बोलचाल की क्षमता विकसित करने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए, जिससे वे भविष्य की प्रतियोगी परीक्षाओं और उच्च शिक्षा में बेहतर प्रदर्शन कर सकें। विद्यालय परिसर को स्वच्छ, व्यवस्थित और अनुशासित बनाए रखने के भी निर्देश दिए गए।

जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा कि स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय प्रदेश सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसने गरीब और मध्यम वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण अंग्रेजी माध्यम शिक्षा का अवसर उपलब्ध कराया है। ऐसे विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता और अनुशासन से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि जो भी अधिकारी या कर्मचारी अपने कर्तव्यों के प्रति लापरवाही बरतेगा, उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

निरीक्षण के दौरान नोडल अधिकारी आलोक शुक्ला, विद्यालय के शिक्षक तथा अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे। जिला शिक्षा अधिकारी की इस कार्रवाई को जिले के शासकीय विद्यालयों में अनुशासन और शैक्षणिक गुणवत्ता सुधारने की दिशा में एक सख्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है।

प्रशांत गौतम

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