जी.पी.एम.:-जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी के सतत मार्गदर्शन में स्वामी आत्मानंद विद्यालय सेमरा राष्ट्रीय ‘पर्यावरण चैंपियन अवार्ड 2026’ के लिए चयनित

जी.पी.एम.(छत्तीसगढ़ उजाला)-गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के लिए गर्व और सम्मान की बात है कि स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, सेमरा का चयन राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित “पर्यावरण चैंपियन अवार्ड 2026” के लिए किया गया है। यह उपलब्धि जिले में पर्यावरण संरक्षण और जागरूकता के क्षेत्र में किए जा रहे उत्कृष्ट कार्यों की राष्ट्रीय स्तर पर पहचान है।माननीय कलेक्टर डॉ. संतोष कुमार देवांगन के संरक्षण एवं मार्गदर्शन में विद्यालय ने पर्यावरण संरक्षण, जल संवर्धन और हरित विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करते हुए यह सम्मान अर्जित किया है।
माननीय कलेक्टर डॉ. संतोष कुमार देवांगन के संरक्षण एवं मार्गदर्शन में विद्यालय ने पर्यावरण संरक्षण, जल संवर्धन और हरित विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करते हुए यह सम्मान अर्जित किया है।
यह प्रतिष्ठित पुरस्कार भारतीय वन्यजीव संस्थान (Wildlife Institute of India), देहरादून तथा जल शक्ति मंत्रालय, भारत सरकार के अंतर्गत संचालित राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन (NMCG) की महत्वाकांक्षी “नमामि गंगे परियोजना” के तहत प्रदान किया जा रहा है।
विद्यालय द्वारा गंगा की सहायक नदियों के संरक्षण, जल संरक्षण, वृक्षारोपण, स्वच्छता अभियान, पर्यावरण जागरूकता और सतत विकास से जुड़े अनेक नवाचारपूर्ण कार्यक्रम संचालित किए गए। इन गतिविधियों में विद्यार्थियों, शिक्षकों, स्टॉफ सदस्यों और सामाजिक कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी रही, जिसके परिणामस्वरूप संस्था ने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी विशिष्ट पहचान बनाई।
इस सफलता में जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी के सतत मार्गदर्शन और प्रेरणा की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनके सहयोग से विद्यालय ने शिक्षा के साथ-साथ सामाजिक एवं पर्यावरणीय दायित्वों का भी सफल निर्वहन किया।
विद्यालय के प्राचार्य नरेन्द्र कुमार तिवारी, जो राष्ट्रपति पुरस्कृत शिक्षक, लेखक एवं पर्यावरणविद् हैं, के नेतृत्व में विद्यालय लगातार पर्यावरण संरक्षण, हरित परिसर निर्माण, जल संरक्षण और विद्यार्थियों में प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता विकसित करने के लिए कार्य कर रहा है। उनका मानना है कि—
“पर्यावरण संरक्षण केवल दायित्व नहीं, बल्कि मानवता के भविष्य की सुरक्षा का संकल्प है।”
विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर 01 जून 2026 को देहरादून (उत्तराखंड) स्थित भारतीय वन्यजीव संस्थान में आयोजित राष्ट्रीय समारोह में विद्यालय को औपचारिक रूप से “पर्यावरण चैंपियन अवार्ड 2026” से सम्मानित किया जाएगा।
यह सम्मान केवल स्वामी आत्मानंद विद्यालय सेमरा की उपलब्धि नहीं, बल्कि पूरे गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले और छत्तीसगढ़ राज्य के लिए गौरव एवं प्रेरणा का विषय है।




