*दहेज प्रताड़ना को लेकर दो बहनों के साथ डाड से जानलेवा हमला, शिकायत दर्ज कराने गई तो थाना से स्टाफ ने दिखाया बाहर का रास्ता* *पुलिस कप्तान तक पहुंची शिकायत*
छत्तीसगढ़ उजाला

बिलासपुर (छत्तीसगढ़ उजाला)। जिले में पुलिस की सख्ती और निर्देशों के बावजूद जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। फिल हाल ताजा मामला कोनी थाना क्षेत्र के घुटकू निरतु के समीप ग्राम करही से सामने आया है, जहां दो सगी बहनों ने अपने ही पति और जेठ पर जानलेवा हमला और दहेज प्रताड़ना का आरोप लगाया है।
पीड़ित बहनें पायल लोनिया और अंजना लोनिया अपनी मां उर्मिला लोनिया के साथ पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचीं और एसएसपी से न्याय की गुहार लगाई। पीड़िता का आरोप है कि उनके पति और जेठ ने तलवार और लोहे की रॉड से बेरहमी से जानलेवा हमला किया साथ ही, लंबे समय से दहेज के लिए मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना भी दी जा रही।
पीड़ित परिवार का कहना है कि उन्होंने पहले भी कोनी थाना में शिकायत दर्ज कराने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उनकी रिपोर्ट लिखने के बजाय उन्हें थाने से भगा दिया। उन्होंने एसएसपी को सौंपे गए दस्तावेजों में पूर्व शिकायतें और इकरारनामा भी प्रस्तुत किया है। इस बीच, उच्च पुलिस अधिकारी लगातार अपने अधीनस्थों को सख्त निर्देश दे रहे हैं कि महिला संबंधित अपराध पर तत्काल कार्रवाई हो, आम जनता के साथ संवेदनशील व्यवहार रखा जाए और बीट पुलिसिंग को प्रभावी बनाया जाए। बावजूद इसके, इस तरह की घटनाएं पुलिसिंग व्यवस्था पर सवालिया निशान खड़े कर रहे हैं।
वही इतने गंभीर मामले में कोनी थाने से भगाई गई दोनों बहने अपने साथ हुई बर्बरता के जख्म के निशान भी दिखाए। जिसके बाद डीआईजी व वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने तत्काल आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही के आदेश कोनी पुलिस को दिए है। अब देखना होगा कि एसएसपी स्तर पर पहुंचे इस मामले में क्या कार्रवाई होती है और पीड़ित परिवार को न्याय मिल पाता है या नहीं।




