
रायपुर (छत्तीसगढ़): रायपुर रेंज पुलिस महानिरीक्षक (IG) अमरेश मिश्रा के निर्देशन में चल रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन साइबर शील्ड’ के तहत रेंज साइबर थाना रायपुर को बड़ी सफलता मिली है। गूगल एडवरटाइजमेंट के माध्यम से SBI एटीएम कार्ड बनवाने के नाम पर 8 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने वाले अंतरराज्यीय साइबर ठग अब्दुल्ला लश्कर को पुलिस ने पश्चिम बंगाल के 24 परगना से धर-दबोचा है। आरोपी हरियाणा और उत्तराखंड में भी वांछित है।
ऐसे रचा गया साइबर फ्रॉड का जाल
पीड़ित संजय साहनी, निवासी शंकर नगर (थाना सिविल लाइन), ने SBI का नया एटीएम कार्ड बनवाने के लिए गूगल पर सर्च किया।
गूगल रिज़ल्ट में दिखे एक मोबाइल नंबर पर कॉल करने पर आरोपी ने स्वयं को बैंक कर्मचारी बताकर प्रार्थी से बात की।
आरोपी ने प्रार्थी को एक ऐप का लिंक भेजा और उसे इंस्टॉल करवाया।
ऐप इंस्टॉल होने के बाद उसने पुराने एटीएम कार्ड के आखिरी छह अंक पूछे।
तकनीकी छेड़छाड़ के जरिए आरोपी ने प्रार्थी के खाते से 8,00,000 रुपये निकाल लिए।
इस मामले में थाना सिविल लाइन में अपराध क्रमांक 496/24, धारा 318(4) बीएनएस, तथा आईटी एक्ट 66(C), 66(D) के तहत केस दर्ज किया गया।
तकनीकी विश्लेषण से मिली कामयाबी
रेंज साइबर थाना टीम ने गूगल, बैंक और मोबाइल सेवा प्रदाता कंपनियों से आवश्यक तकनीकी जानकारी जुटाई।
डेटा एनालिसिस के बाद आरोपी की पहचान अब्दुल्ला लश्कर (पिता: अरफॉत लश्कर, उम्र 33 वर्ष) के रूप में हुई।
इसके बाद टीम ने पश्चिम बंगाल के 24 परगना जिले में दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार किया।
आरोपी पर कई राज्यों में केस
जांच में सामने आया कि अब्दुल्ला लश्कर पर हरियाणा और उत्तराखंड में भी कई साइबर फ्रॉड के केस दर्ज हैं।
पुलिस उसके मोबाइल, बैंक डिटेल और अन्य डिजिटल लेन-देन की पड़ताल कर रही है। आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।
IG का संदेश – साइबर अपराधियों पर लगातार शिकंजा
IG अमरेश मिश्रा ने कहा कि “रायपुर रेंज में साइबर ठगों के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी रहेगी। नागरिकों को जागरूक रहना होगा और किसी भी प्रकार की बैंकिंग सेवा के लिए केवल अधिकृत वेबसाइट और आधिकारिक ऐप का ही उपयोग करें।”




