कलिंगा विश्वविद्यालय के डॉ. बेंडी आंजनेयुलु विश्व के शीर्ष 2% वैज्ञानिकों की सूची में शामिल

स्टैनफोर्ड-एल्सेवियर की वैश्विक सूची में मिली जगह, 100 से अधिक शोध प्रकाशनों और 4 स्वीकृत पेटेंट के साथ वैज्ञानिक अनुसंधान में दे चुके हैं महत्वपूर्ण योगदान
रायपुर (छत्तीसगढ़ उजाला)- कलिंगा विश्वविद्यालय, नया रायपुर के लिए गौरव का विषय है कि विश्वविद्यालय के उप-डीएए (Deputy DAA) एवं विज्ञान संकाय के प्रभारी प्रमुख डॉ. बेंडी आंजनेयुलु को विश्व के शीर्ष 2 प्रतिशत वैज्ञानिकों (World’s Top 2% Scientists) की प्रतिष्ठित वैश्विक सूची में शामिल किया गया है। स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी और एल्सेवियर द्वारा विकसित इस सूची में स्थान प्राप्त करना उनके उत्कृष्ट शोध कार्यों, वैज्ञानिक नवाचार और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अनुसंधान के क्षेत्र में योगदान को दर्शाता है
डॉ. बेंडी आंजनेयुलु की इस उपलब्धि से कलिंगा विश्वविद्यालय के शैक्षणिक और शोध जगत में हर्ष का माहौल है। उनकी यह सफलता न केवल व्यक्तिगत अकादमिक उपलब्धि है, बल्कि विश्वविद्यालय में गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान, नवाचार और वैज्ञानिक उत्कृष्टता को बढ़ावा देने की दिशा में भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
रसायन विज्ञान से पर्यावरण संरक्षण तक शोध का व्यापक दायरा
डॉ. बेंडी आंजनेयुलु का शोध कार्य रसायन विज्ञान के विभिन्न महत्वपूर्ण क्षेत्रों में फैला हुआ है। इसमें कार्बनिक रसायन, औषधीय रसायन, कंप्यूटेशनल रसायन, नैनोमटेरियल्स, उत्प्रेरक विज्ञान, ग्रीन केमिस्ट्री और पर्यावरण सुधार जैसे विषय शामिल हैं।
उनका अंतरविषयक शोध वैज्ञानिक नवाचार को प्रोत्साहित करने के साथ-साथ रसायन विज्ञान, सामग्री विज्ञान और पर्यावरणीय स्थिरता से जुड़ी उभरती चुनौतियों के समाधान विकसित करने पर केंद्रित है। इन क्षेत्रों में उनका कार्य वैज्ञानिक ज्ञान को आगे बढ़ाने और शोध के व्यावहारिक उपयोग की संभावनाओं को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
डॉ. बेंडी आंजनेयुलु ने वैज्ञानिक अनुसंधान के क्षेत्र में एक मजबूत अकादमिक पहचान स्थापित की है। उनके नाम स्कोपस (Scopus) में एच-इंडेक्स 18 और वेब ऑफ साइंस (Web of Science) में एच-इंडेक्स 17 दर्ज है। उन्होंने 100 से अधिक विद्वत्तापूर्ण प्रकाशनों के माध्यम से वैज्ञानिक शोध में योगदान दिया है। इनमें शोध पत्र, समीक्षा लेख, पुस्तकें और पुस्तक अध्याय शामिल हैं।
बौद्धिक संपदा के क्षेत्र में भी उनकी उपलब्धियां उल्लेखनीय हैं। उनके नाम चार स्वीकृत पेटेंट और चार प्रकाशित पेटेंट हैं। उनके शोध निष्कर्ष एल्सेवियर, वाइली, स्प्रिंगर नेचर, रॉयल सोसाइटी ऑफ केमिस्ट्री (RSC) तथा टेलर एंड फ्रांसिस जैसे प्रतिष्ठित वैज्ञानिक प्रकाशकों से जुड़ी अंतरराष्ट्रीय पत्रिकाओं में प्रकाशित हुए हैं।
ये उपलब्धियां उनके निरंतर शोध प्रयासों, वैज्ञानिक विषयों पर गहरी समझ और नए अनुसंधान क्षेत्रों में योगदान देने की प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं।
स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी और एल्सेवियर द्वारा संयुक्त रूप से विकसित World’s Top 2% Scientists List वैश्विक स्तर पर प्रभावशाली वैज्ञानिक शोधकर्ताओं की पहचान करने वाली प्रतिष्ठित सूचियों में से एक है। इसमें वैज्ञानिकों के अनुसंधान योगदान और उनके शोध कार्यों के प्रभाव का मूल्यांकन विभिन्न मानकों के आधार पर किया जाता है।
यह मूल्यांकन 22 प्रमुख वैज्ञानिक क्षेत्रों और 174 उप-क्षेत्रों में किया जाता है। इसके लिए उद्धरण-आधारित संकेतकों सहित समग्र स्कोरिंग पद्धति का उपयोग किया जाता है, जिसमें शोध पत्रों को मिले उद्धरण, सह-लेखकों से संबंधित समायोजन और लेखकों की भूमिका जैसे कारकों को ध्यान में रखा जाता है।
इस सूची में स्थान प्राप्त करना वैज्ञानिक समुदाय में शोध कार्यों के प्रभाव और अकादमिक योगदान की वैश्विक पहचान का महत्वपूर्ण संकेत माना जाता है
कलिंगा विश्वविद्यालय ने डॉ. बेंडी आंजनेयुलु को इस प्रतिष्ठित वैश्विक उपलब्धि के लिए हार्दिक बधाई दी है। विश्वविद्यालय ने उनके उत्कृष्ट शोध कार्यों पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसी उपलब्धियां संस्थान में अनुसंधान और नवाचार की संस्कृति को और मजबूत करती हैं।
विश्वविद्यालय का उद्देश्य एक ऐसा सशक्त और गतिशील शोध वातावरण विकसित करना है, जिसमें संकाय सदस्यों और विद्यार्थियों को नए विचारों पर काम करने, वैज्ञानिक नवाचार को बढ़ावा देने तथा शैक्षणिक उत्कृष्टता हासिल करने के अवसर मिल सकें।
डॉ. बेंडी आंजनेयुलु की यह उपलब्धि विश्वविद्यालय के लिए प्रेरणास्रोत है। इससे विद्यार्थियों और युवा शोधकर्ताओं को विज्ञान, प्रौद्योगिकी तथा नवाचार के क्षेत्र में आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलेगी। साथ ही, यह उपलब्धि गुणवत्तापूर्ण शोध को प्रोत्साहित करने और वैश्विक वैज्ञानिक समुदाय में अपनी पहचान मजबूत करने की दिशा में कलिंगा विश्वविद्यालय के प्रयासों को नई ऊर्जा प्रदान करेगी।




